‘‘कचहरी तो बेवा का तन देखती है, खुलेगा कहां से बटन देखती है।’’ तथ्य से वाकिफ होते हुए भी वह तब अपने को राम की भूमिका में पाता और समूची व्यवस्था को रावण की भूमिका में। वह ‘‘धर्मयुद्ध’’ के नशे…
Category:
सच्ची कहानियां
-
-
आर ऍम यादव ( राज्याध्यक्ष)इतिहाससच्ची कहानियां
दास्तां-ए-हिरण्यकश्यप
by आर ऍम यादव ( राज्याध्यक्ष) 556 viewsदास्तां-ए-हिरण्यकश्यप क्या हम वाकई हिरण्यकश्यप की कथा को समझते हैं ? चलिए, आज वही बातों को जरा ठीक दृष्टिकोण से देखते हैं। हिरण्यकश्यप एक असुर राजा था। उसके भाई हिरण्याक्ष की भी कथा है लेकिन यहाँ प्रासंगिक नहीं है इसलिए…
-
आनंद कुमारसच्ची कहानियां
दरवाजे पर हुई आहट पर ही परिवार सहम गया था।
by आनंद कुमारby आनंद कुमार 751 viewsदरवाजे पर हुई आहट पर ही परिवार सहम गया था। दरवाजे पर पड़ी दस्तक के साथ ही उसका उठा हुआ कौर बीच में ही रुक गया। पत्नी ने सहम कर पति की तरफ देखा। करीब दस-ग्यारह वर्ष का बेटा भी…
Older Posts
